दिव्यांगजन, वृद्धजन व नशा मुक्ति के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्ति व संस्थाए राज्य स्तरीय पुरस्कार वितरण समारोह मे सम्मानित

पंचकूला/ 18 दिसम्बर-  सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री श्री ओम प्रकाश यादव ने कहा कि हर व्यक्ति मे किसी न किसी प्रकार की प्रतिभा है जिनको अनेक मंचों के माध्यम से दिखाया जाता है। उन्होंने यह बात दिव्यांगजन, वृद्वजन और नशा के क्षेत्र में कार्य करने वाले उत्कृष्ट व्यक्तियो और संस्थाओं को राज्य स्तरीय पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्यअतिथि के रूप में शिरकत करने पर कही है। कार्यक्रम में पहुचनें पर राज्य मंत्री यादव ने दीप प्रज्जवलित कर शुभांरभ किया, और वहां पर दिव्यांग बच्चों, जिला रेडक्रास सोसाईटी करनाल, राजकीय दिव्यागं स्कूल पानीपत द्वारा लगी गई प्रर्दशनी व बच्चों की पेंटिग का अवलोकन कर बच्चों की सहराना की।
उन्होनें इस अवसर पर दिव्यांगजन, वृद्धजन व नशा मुक्ति के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रदेश के व्यक्तियों को राज्य स्तरीय पुरस्कार में कुल 11 लाख 50 हजार रूपये की राशि वितरित की गई है। जिसमें 13 दिव्यांग जनों को 3 लाख 60 हजार, 15 वृद्धजनों को 4 लाख 40 हजार और 10 व्यक्तियों व संस्थाओं को नशा मुक्ति के क्षेत्र में 3 लाख 50 हजार रुपये की राशि पुरस्कार और समृति चिन्ह देकर सम्मानित किया है।
राज्य मंत्री ने 104 वर्षीय पंडित शादी राम वेद्व जिला कुरूक्षेत्र को प्रथम पुरस्कार, शतवर्षीय पुरस्कार 50 हजार रुपये का चेक प्रदान किया है और श्रेष्ठ माता का प्रथम पुरस्कार श्रीमती रेवती देवी जिला रेवाडी को भी 50 हजार रुपये का चेक प्रदान किया। नशा मुक्ति के क्षेत्र में कार्य करने वाले नशा मुक्ति एवं परामर्श केंद्र भगत फूल सिंह, राजकीय महिला महाविद्यालय खनपुर कलां सोनीपत को प्रथम पुरस्कार 50 हजार रुपये का चेक से नवाजा गया है। सर्वश्रेष्ठ दिव्यांग कर्मचारी का प्रथम पुरस्कार श्री भुदत्त शर्मा जिला रेवाडी को 25 हजार रुपये का चेक  और शील्ड व प्रंशसा पत्र  देकर सम्मान किया गया है और अलावा अन्य द्वितीय और तृतीय पुरस्कार वितरित किए गए।
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा अनेक जन कल्याणकारी योजनांए दिव्यांग, वृद्धजनों के लिए चलाई गई है। दिव्यांगजन भी हमारे समाज का अभिन्न हिस्सा हैं, इसलिए दिव्यांगों की हर व्यक्ति को हरसंभव सहायता अवश्य करनी चाहिए। ऐसा करने से दिव्यांग भी समाज की मुख्यधारा से जुड़ें रहेंगे और वे समाजहित व देशहित में पूरी ताकत से काम करते रहेंगे। श्री यादव ने कहा कि हमारे बुजुर्ग ही समाज की सबसे अनमोल धरोहर हैं। बुजुर्गों के ज्ञान और अनुभवों की बदौलत से ही देश और समाज को खुशहाली और विकास की सही दिशा की ओर ले जाया जा सकता है। इनके अनुभवों व मार्गदर्शन से समाज में न केवल उन्नति और विकास की राह आसान होती है, बल्कि पारिवारिक संबंधों में भी घनिष्ठता और सौहार्दपूर्ण वातावरण बना रहता है।
श्री यादव ने कहा कि इस कार्यक्रम में प्रदेश के जिलो से आए दिव्यांग बच्चों ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में मंच के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाई है वह अपने आप में अनूठी है और उन्होनें कहा कि दिव्यांग बच्चे अपनी प्रतिभा से खेलों के माध्यम से मेडल जीतकर देश व प्रदेश का नाम रोशन कर रहे है। इस अवसर पर राज्य मंत्री ने कहा कि नशा एक बहुत ही गंभीर समस्या है जो आज के युवाओं को अपने जाल में जकड रही है। इसको खत्म करने के लिए व्यक्ति और संस्थाओं को आगे आकर काम करना चाहिए।
इस अवसर पर सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की प्रधान सचिव श्रीमती नीरजा शेखर ने कहा कि विभाग आगे आने वाली योजनाओं की रूप रेखा तैयार कर रहौ है। उन्होनें कहा कि दिव्यांगों को मजबूत बनाने के लिए शिक्षा, खेल और व्यावसाय में उनकी भागीदारी जरूरी है। उन्होनें कहा कि विभाग की वेबसाइट पर हर प्रकार की जानकारी उपलब्ध है।
इस अवसर पर दिव्यांग जन हरियाणा के आयुक्त श्री दिनेश शास्त्री, विभाग की निदेशक श्रीमती ऋतु , अतिरिक्त निदेशक श्रीमती रानी नागर सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहें।